
वाराणसी, 30 जुलाई 2026:
सावन माह के पहले दिन बृहस्पतिवार को काशी शिवमय हो उठी। इसी पावन अवसर पर यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने श्री काशी विश्वनाथ धाम पहुंचकर बाबा विश्वनाथ का पूजन, जलाभिषेक और विशेष आराधना की। उन्होंने प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि, शांति और मंगल की कामना करते हुए भगवान शिव का आशीर्वाद लिया। इसके साथ मुख्यमंत्री ने काशी के कोतवाल कहे जाने वाले बाबा कालभैरव मंदिर पहुंचकर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और सस्वर भैरवाष्टकम् स्तोत्र के बीच आरती उतारी।

मुख्यमंत्री ने मंदिर परिसर में प्रवेश से पहले बाबा विश्वनाथ मंदिर के शिखर को नमन किया और गर्भगृह में विशेष पूजा-अर्चना में भाग लिया। उनका यह आध्यात्मिक प्रवास सावन के पावन महीने में प्रदेश के कल्याण और समृद्धि की प्रार्थना को समर्पित रहा।

उधर, सावन के पहले दिन बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। भोर होते ही गंगा घाटों से लेकर विश्वनाथ धाम तक श्रद्धालुओं की लंबी कतारें नजर आईं। देश के विभिन्न राज्यों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से जलाभिषेक कर भगवान शिव से सुख, समृद्धि और मनोकामना पूर्ण होने का आशीर्वाद मांगा।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई, जबकि श्रद्धालुओं की सुगम आवाजाही के लिए बैरिकेडिंग और अन्य व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की गईं।

हिंदू मान्यता के अनुसार सावन माह भगवान शिव की आराधना का सबसे पवित्र समय माना जाता है। ऐसी मान्यता है कि इस माह श्रद्धा और विधि-विधान से शिव पूजन एवं जलाभिषेक करने से विशेष पुण्य और मनोवांछित फल की प्राप्ति होती है। यही आस्था हर वर्ष लाखों श्रद्धालुओं को काशी तक खींच लाती है।






