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Ganga Expressway… प्रयागराज से हरिद्वार तक दौड़ेगा, बदलेगी कनेक्टिविटी की तस्वीर

6 लेन का बनेगा ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे, भविष्य में 8 लेन तक विस्तार की तैयारी, बिजनौर से हरिद्वार की राह होगी आसान, धार्मिक पर्यटन के साथ व्यापार-रोजगार को भी मिलेगा बड़ा बूस्ट

लखनऊ, 26 अगस्त 2026:

यूपी के एक्सप्रेसवे नेटवर्क को एक और बड़ी रफ्तार मिलने जा रही है। योगी कैबिनेट ने गंगा एक्सप्रेसवे को हरिद्वार तक विस्तारित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही प्रयागराज से हरिद्वार तक गंगा के किनारे बसे दो प्रमुख धार्मिक शहरों को प्रवेश नियंत्रित एक्सप्रेसवे नेटवर्क से जोड़ने की दिशा में रास्ता साफ हो गया है। प्रस्तावित ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे 6 लेन का होगा। इसे भविष्य में जरूरत के अनुसार 8 लेन तक विस्तारित किया जा सकेगा।

10,761 करोड़ रुपये का आएगा खर्च

हरिद्वार तक गंगा एक्सप्रेसवे के विस्तार पर अनुमानित 10,761 करोड़ रुपये खर्च होने की संभावना है। इस परियोजना में केंद्र सरकार की किसी तरह की वित्तीय भागीदारी अपेक्षित या प्रस्तावित नहीं है। कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद अब परियोजना की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने समेत आगे की जरूरी प्रक्रिया शुरू की जाएगी।

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बिजनौर से हरिद्वार तक सफर होगा आसान

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इस विस्तार का सबसे बड़ा फायदा बिजनौर और आसपास के क्षेत्रों को मिलने की उम्मीद है। उत्तराखंड सीमा से लगे बिजनौर से हरिद्वार पहुंचने के लिए फिलहाल प्रमुख रूप से एनएच-34 यानी मेरठ-बिजनौर-हरिद्वार राष्ट्रीय मार्ग पर निर्भरता है। गंगा एक्सप्रेसवे के हरिद्वार तक पहुंचने के बाद बिजनौर को तेज और बेहतर कनेक्टिविटी मिल सकेगी।

खास बात यह है कि एक्सप्रेसवे नेटवर्क के जरिए बिजनौर की राजधानी लखनऊ से कनेक्टिविटी भी मजबूत होगी। इससे माल ढुलाई, व्यापार और निवेश के साथ औद्योगिक गतिविधियों को गति मिलने की संभावना है।

दो कुंभ नगरियों के बीच बनेगा तेज कॉरिडोर

गंगा एक्सप्रेसवे का हरिद्वार तक विस्तार सिर्फ सड़क संपर्क की परियोजना नहीं बल्कि धार्मिक पर्यटन के लिहाज से भी अहम माना जा रहा है। प्रयागराज और हरिद्वार दोनों ही गंगा तट पर बसे प्रमुख कुंभ नगर हैं। एक्सप्रेसवे के जरिए दोनों शहरों के बीच तेज और सुगम आवागमन का नया कॉरिडोर तैयार होगा। इससे कुंभ, धार्मिक आयोजनों और अन्य आध्यात्मिक पर्यटन गतिविधियों के दौरान श्रद्धालुओं तथा पर्यटकों को बेहतर यात्रा सुविधा मिलने की उम्मीद है।

पर्यटन के साथ रोजगार को भी रफ्तार

बेहतर कनेक्टिविटी का असर पर्यटन से जुड़ी आर्थिक गतिविधियों पर भी पड़ सकता है। हरिद्वार, बिजनौर और गंगा एक्सप्रेसवे से जुड़े क्षेत्रों में होटल, परिवहन, स्थानीय कारोबार और अन्य पर्यटन आधारित गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की संभावना है। वहीं, एक्सप्रेसवे के निर्माण से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।गंगा एक्सप्रेसवे का हरिद्वार तक विस्तार उत्तर प्रदेश के एक्सप्रेसवे नेटवर्क को उत्तराखंड से जोड़ने के साथ ही धर्म, पर्यटन, व्यापार और रोजगार के मोर्चों पर नई कनेक्टिविटी का रास्ता खोल सकता है।

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Rakesh Kumar Verma

राकेश कुमार वर्मा एक वरिष्ठ पत्रकार हैं। इन्हें मीडिया जगत में लगभग 31 वर्षों का व्यापक और समृद्ध अनुभव है। इन्होंने प्रिंट और डिजिटल दोनों ही माध्यमों में कार्य करते हुए अपनी मजबूत और प्रभावशाली उपस्थिति दर्ज कराई है। यूपी की राजधानी लखनऊ में स्वतंत्र भारत, राष्ट्रीय सहारा, जनसत्ता एक्सप्रेस,… More »

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