लखनऊ, 17 जून 2026:
यूपी में बालिका शिक्षा को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए योगी सरकार लगातार प्रयासरत है। इसी क्रम में कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों (केजीबीवी) को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने और छात्राओं को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से सरकार ने 18 महत्वपूर्ण बिंदुओं पर समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश जारी किए हैं। हाल ही में आयोजित विभागीय समीक्षा बैठक में छात्राओं की सुरक्षा, डिजिटल शिक्षा, छात्रावास संचालन, खेल गतिविधियों, छात्रवृत्ति भुगतान और आधारभूत सुविधाओं से जुड़े विषयों पर विशेष जोर दिया गया।

सरकार का लक्ष्य है कि बालिका शिक्षा केवल विद्यालयी पढ़ाई तक सीमित न रहे बल्कि सुरक्षा, स्वास्थ्य, डिजिटल साक्षरता, खेलकूद और जीवन कौशल के माध्यम से छात्राओं के समग्र विकास का आधार बने। इसी सोच के तहत केजीबीवी को बालिका सशक्तीकरण के मजबूत केंद्रों के रूप में विकसित किया जा रहा है।
भीषण गर्मी को देखते हुए सभी विद्यालयों में कूलर, पंखे, एग्जॉस्ट फैन और जनरेटर की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही खाद्यान्न आपूर्ति से संबंधित प्रक्रियाओं को एक सप्ताह के भीतर पूरा कर आवश्यक सामग्री विद्यालयों तक पहुंचाने को कहा गया है। बालिकाओं और स्टाफ की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा छात्राओं को ग्रीष्मकालीन गृहकार्य उपलब्ध कराने पर भी विशेष बल दिया गया है।
समीक्षा बैठक में जून माह की प्रगति रिपोर्ट, फर्नीचर खरीद, रोटी मेकिंग मशीन, वॉशिंग मशीन, सोलर गीजर, लोक संगीत वाद्ययंत्र और ओपन जिम जैसी स्वीकृत गतिविधियों को तय समय सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए गए। जिन जिलों में कर्मियों के नवीनीकरण की प्रक्रिया लंबित है, वहां इसे एक सप्ताह के भीतर पूरा करने को कहा गया है।
डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए विद्यालयों में कंप्यूटर, ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी और अनलिमिटेड डेटा की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। वहीं छात्रवृत्ति योजना के अंतर्गत वर्तमान और पूर्व बैच की छात्राओं के विवरण, भुगतान की स्थिति तथा बैंक खातों की सीडिंग की समीक्षा कर समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं जिससे पात्र छात्राओं को बिना किसी बाधा के लाभ मिल सके।
निर्माणाधीन छात्रावासों, अतिरिक्त डॉर्मेट्री, कंप्यूटर लैब और टॉयलेट ब्लॉक के कार्यों का सत्यापन कर उपयोग प्रमाण-पत्र जल्द उपलब्ध कराने के निर्देश भी जारी किए गए हैं। जिन परियोजनाओं का निर्माण 90 प्रतिशत से अधिक पूरा हो चुका है, उन्हें शीघ्र हस्तांतरित कर संचालन शुरू करने को कहा गया है। इसके अलावा ‘केजीबीवी एक खेल कार्यक्रम’ के तहत धीमी प्रगति वाले जिलों को गतिविधियां तेज करने और चयनित बालिकाओं को 3 जुलाई तक खेल प्रशिक्षण केंद्रों से जोड़ने के निर्देश दिए गए हैं।
सरकार की यह पहल प्रदेश की हजारों बालिकाओं को सुरक्षित वातावरण, आधुनिक सुविधाएं और बेहतर भविष्य की नई संभावनाओं से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।






