NationalPolitics

संसद सत्र के आखिरी दिन भी संग्राम : वंदे मातरम के बाद लोकसभा स्थगित, ‘चंदा चोर’ बनाम ‘राहुल गांधी जवाब दो’ से गरमाया माहौल

19 दिन के मानसून सत्र में हंगामे की भेंट चढ़ी कार्यवाही, मकर द्वार पर सत्ता पक्ष-विपक्ष आमने-सामने, राम मंदिर चंदे, NEET और झारखंड छात्रों के मुद्दे पर आरोप-प्रत्यारोप

न्यूज डेस्क, 13 अगस्त 2026:

संसद के मानसून सत्र का आखिरी दिन भी सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखे टकराव के नाम रहा। 19 दिन चले सत्र का समापन हंगामे और नारेबाजी के बीच हुआ। लोकसभा की कार्यवाही आज महज करीब एक मिनट चली। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के सदन में पहुंचते ही सदस्यों से राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ के सम्मान में खड़े होने की अपील की गई। गायन के बाद सदन की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गई।

monsoon-session-adjourned-sine-die-parliament-uproar-last-day (2)

लोकसभा स्थगित होने के बाद भी संसद परिसर में सियासी संग्राम थमा नहीं। मकर द्वार पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के सांसद आमने-सामने आ गए। दोनों पक्षों ने हाथों में तख्तियां लेकर एक-दूसरे के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। भाजपा सांसदों के हाथों में ‘राहुल गांधी जवाब दो’ के पोस्टर थे, जबकि विपक्षी सांसद ‘चंदा चोर, गद्दी छोड़’ जैसे नारे लिखी तख्तियां लिए नजर आए।

ये भी पढ़ें:

समाजवादी पार्टी ने राम मंदिर में कथित चंदा अनियमितता के मुद्दे को लेकर सरकार पर हमला बोला। सपा सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि पार्टी के वरिष्ठ सांसदों ने कनाट प्लेस स्थित हनुमान मंदिर जाने का फैसला किया है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अब भगवान हनुमान ही भगवान राम के चंदे की सुरक्षा कर सकते हैं।

वहीं, टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा ने सत्ता पक्ष के प्रदर्शन पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि 12 साल से सत्ता में रहने वाली सरकार संसद में नेता प्रतिपक्ष के खिलाफ नारे लगा रही है। उन्होंने प्रधानमंत्री और गृह मंत्री के संसद में आने को लेकर भी निशाना साधा।

monsoon-session-adjourned-sine-die-parliament-uproar-last-day (3)

विपक्ष NEET और राम मंदिर चंदे में कथित अनियमितताओं पर चर्चा की मांग करता रहा, जबकि सत्ता पक्ष ने झारखंड में छात्रों के प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी की कथित चुप्पी को मुद्दा बनाया।

monsoon-session-adjourned-sine-die-parliament-uproar-last-day (4)

उधर, राज्यसभा में आखिरी दिन करीब एक घंटे कार्यवाही चली और MMDR संशोधन विधेयक पारित हुआ। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने हल्द्वानी में उनके कार्यक्रम के बाद हुए कथित ‘शुद्धिकरण’ का मुद्दा भी सदन में उठाया। इस तरह मानसून सत्र का अंतिम दिन भी विधायी कामकाज से ज्यादा सियासी टकराव और आरोप-प्रत्यारोप के नाम रहा।

ये भी पढ़ें  ओवैसी की गैरहाजिरी से उठे सवाल, पीएम मोदी की सर्वदलीय बैठक से रहे दूर

Rakesh Kumar Verma

राकेश कुमार वर्मा एक वरिष्ठ पत्रकार हैं। इन्हें मीडिया जगत में लगभग 31 वर्षों का व्यापक और समृद्ध अनुभव है। इन्होंने प्रिंट और डिजिटल दोनों ही माध्यमों में कार्य करते हुए अपनी मजबूत और प्रभावशाली उपस्थिति दर्ज कराई है। यूपी की राजधानी लखनऊ में स्वतंत्र भारत, राष्ट्रीय सहारा, जनसत्ता एक्सप्रेस,… More »

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button