एंटरटेनमेंट डेस्क, 2 जून 2026:
70 के दशक की दिल्ली, धुंध से भरी गलियां, रात में गूंजती पुलिस सायरन की आवाजें और अचानक गायब होते मासूम बच्चे। कुछ ऐसा ही डर अपने साथ लेकर आई है अली फजल और सोनाली बेंद्रे की वेब सीरीज ‘राख’ जिसका ट्रेलर रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर छा गया है। लोग इसे देखकर ‘पाताल लोक’ जैसी डार्क वेब सीरीज की याद कर रहे हैं। समीक्षकों का कहना है कि ये सीरीज सिर्फ एक क्राइम थ्रिलर नहीं बल्कि इसका एक मजबूत पक्ष भावनात्मक कहानी भी है।
कड़क पुलिसवाले के रोल में चमके अली फजल
कहानी 1978 के समय की है जब दो बच्चों के अचानक गायब होने से पूरा शहर दहशत में है। मां-बाप रहे हैं, पुलिस दबाव में है और हर जगह डर का माहौल है। इसी केस की जांच की जिम्मेदारी मिलती है सब इंस्पेक्टर जयप्रकाश को जिसका किरदार अली फजल निभा रहे हैं। उनका गंभीर और इंटेंस अवतार लोगों को काफी पसंद आ रहा है जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ती है वैसे-वैसे मामला सिर्फ किडनैपिंग तक सीमित नहीं रहता बल्कि इसके पीछे सत्ता और अपराध के पीछे छिपे चेहरों की सच्चाई सामने आने लगती है।
सोनाली बेंद्रे का दमदार कमबैक
सोनाली बेंद्रे लंबे समय बाद स्क्रीन पर लौटीं हैं। बताया जा रहा है कि सीरीज में उनका खास रोल है। समीक्षकों का कहना है कि उनके किरदार में रहस्य, दर्द और खामोशी का संगम देखने को मिलता है जो बेहद भावनात्मक है। फैंस उनकी वापसी को लेकर काफी उत्साहित हैं। सीरीज में उन्होंने लापता हुए बच्चों को मां का किरदार निभाया है जिनका बेरहमी से कत्ल कर दिया जाता है। सीरीज में वो न्याय पाने के लिए सिस्टम और अपराधियों से लड़ती नजर आएंगी।
कमाल का निर्देशन, बेहतरीन सिनेमेटोग्राफी
समीक्षकों का कहना है कि सीरीज में रूनाल की सिनेमैटोग्राफी बहुत प्रभावी है। पीली स्ट्रीट लाइट्स, अंधेरी गलियां, पुलिस फाइलें और बैकग्राउंड में बजता डर पैदा करने वाला म्यूजिक कहानी को रोमांचक बनाता है। सीरीज के निर्देशन की कमान पाताल लोक फेम प्रोषित रॉय के साथ अनुषा नंदकुमार और संदीप साकेत ने संभाली है। सीरीज में आमिर बशीर, दिव्येंदु भट्टाचार्य और धुरंधर फेम राकेश बेदी की भी खास भूमिका है। राख 12 जून को ओटीटी पर रिलीज होगी।






