
अनिल निषाद
अयोध्या, 10 अगस्त 2026ः
अयोध्या के आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय में आयोजित 28वें दीक्षांत समारोह में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल पहुंचीं। उन्होंने समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि हमें भारत को नशामुक्त बनाना है। इसमें विश्वविद्यालयों की भूमिका अहम होगी। राज्यपाल ने छात्रों को उपाधियां प्रदान कीं। 774 छात्रों को डिग्रियां दी गईं। इनमें 584 छात्र और 190 छात्राएं शामिल रहीं। वहीं, 24 विद्यार्थियों को 25 पदकों से सम्मानित किया गया। इनमें 11 पदक छात्रों व 13 पदक छात्राओं को मिले।

राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा कि विश्वविद्यालयों को यह देखना होगा कि उनके यहां क्या हो रहा है। उन्होंने कहा कि जहां भी कोई कमी दिखाई देती है, वह उसे बताने का प्रयास करती हैं, ताकि व्यवस्था में सुधार किया जा सके। राज्यपाल ने कहा कि विश्वविद्यालयों में स्वच्छता, शुद्ध पेयजल, गुणवत्तापूर्ण भोजन और विद्यार्थियों के लिए बेहतर सुविधाओं पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है।
उन्होंने छात्राओं के बेहतर प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि बेटियां अपनी प्रतिभा और मेहनत के दम पर लगातार आगे बढ़ रही हैं। ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले विद्यार्थियों की प्रशंसा करते हुए राज्यपाल ने कहा कि सीमित संसाधनों के बावजूद गांव के बच्चे मेहनत व लगन से सफलता हासिल कर रहे हैं। राज्यपाल ने कृषि क्षेत्र में आधुनिक तकनीक के बढ़ते महत्व पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि डिजिटल कृषि, बेहतर सिंचाई प्रबंधन, फसल विविधीकरण और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसी तकनीकें किसानों के लिए बड़ा बदलाव ला सकती हैं।

आनंदीबेन पटेल ने बेटियों से कृषि शिक्षा और आधुनिक तकनीक के क्षेत्र में आगे आने का आह्वान करते हुए ‘ड्रोन दीदी’ का उदाहरण दिया। समारोह के दौरान प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया गया। इसके अलावा प्राथमिक विद्यालयों के बच्चों को प्रेरणादायक पुस्तकें व आंगनबाड़ी केंद्रों को किट बांटी गईं। राज्यपाल ने विद्यार्थियों से शिक्षा के साथ सामाजिक जिम्मेदारियों को निभाने और देश के विकास में सक्रिय योगदान देने का आह्वान किया।






