
लखनऊ, 2 सितंबर 2026:
यूपी में मानसून ने एक बार फिर अपना रौद्र रूप दिखाया है। लखनऊ समेत प्रदेश के करीब तीन दर्जन जिलों में मंगलवार दोपहर से शुरू हुई तेज बारिश बुधवार सुबह तक रुक-रुककर जारी रही। लगातार बारिश से शहरों में जलभराव और ग्रामीण इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। नदियां उफान पर हैं। नाले ओवरफ्लो हो गए हैं और कई इलाकों में सड़कें जलमग्न हो गई हैं। मौसम विभाग ने बुधवार को प्रदेश के सभी 75 जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश का अलर्ट जारी किया है।

प्रदेश की राजधानी लखनऊ में करीब 20 घंटे तक हुई बारिश ने नगर निगम और जलनिकासी व्यवस्था की पोल खोल दी। गोमतीनगर, हजरतगंज, इंदिरानगर, फैजुल्लागंज, आशियाना, कृष्णानगर, भूतनाथ और आलमबाग समेत कई इलाकों में सड़कों पर पानी भर गया। कई घरों के बेडरूम और ड्राइंग रूम तक बारिश का पानी पहुंच गया।
लखनऊ विश्वविद्यालय के सामने बड़ा हादसा टला। बुधवार सुबह पूर्व डिप्टी सीएम एवं सांसद डॉ. दिनेश शर्मा के आवास के पास मुख्य सड़क अचानक धंस गई। देखते ही देखते सड़क के बीच करीब 10 फीट गहरा गड्ढा बन गया। इसी दौरान बाइक सवार युवक उसमें गिर गया और गंभीर रूप से घायल हो गया। स्थानीय लोगों ने उसे अस्पताल पहुंचाया। बाद में गड्ढे में गिरी बाइक को बाहर निकाला गया। नगर निगम की टीम मौके पर पहुंची और मलबा डालकर गड्ढे को पाटने का काम शुरू किया। इस हादसे का वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रहा है।
रायबरेली में 12वीं तक के स्कूलों में छुट्टी
बारिश का असर प्रदेश के दूसरे हिस्सों में भी गंभीर है। रायबरेली में कक्षा एक से 12वीं तक के स्कूलों में 2 सितंबर को अवकाश घोषित किया गया है। सोनभद्र में प्रदेश का सबसे बड़ा रिहंद बांध ओवरफ्लो होने के बाद तीन गेट खोलकर पानी छोड़ा जा रहा है। चित्रकूट में तीन बांधों के गेट खोले गए हैं और 50 से अधिक गांवों में अलर्ट जारी किया गया है।

प्रयागराज में गंगा-यमुना फिर उफान पर, वाराणसी में प्रमुख घाट डूबे
प्रयागराज में गंगा और यमुना फिर उफान पर हैं। रिवरफ्रंट रोड के आसपास बने घरों तक पानी पहुंच गया है और नागवासुकी मंदिर की सीढ़ियां जलमग्न हो गई हैं। वाराणसी में गंगा का पानी मणिकर्णिका समेत सभी प्रमुख घाटों के ऊपर तक पहुंच गया है। करीब 50 फीट ऊंचा रत्नेश्वर महादेव मंदिर भी लगभग 95 प्रतिशत तक डूब चुका है।

चित्रकूट में सड़कों पर बह रही मंदाकिनी नदी
चित्रकूट में मंदाकिनी नदी का पानी रामघाट और आसपास की सड़कों पर बह रहा है। 500 से ज्यादा दुकानों और करीब दो दर्जन होटलों में पानी घुसने की सूचना है। प्रशासन ने लाउडस्पीकर से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील शुरू कर दी है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को खुद मैदान में उतरकर राहत एवं बचाव कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने प्रभावित परिवारों को हरसंभव मदद देने और बारिश-बाढ़ से हुए नुकसान का आकलन कर प्रभावित लोगों को 24 घंटे के भीतर मुआवजा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
पांच दिनों तक प्रदेश में भारी बारिश की आशंका
लखनऊ मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के अनुसार बंगाल की खाड़ी में कम दबाव का क्षेत्र बना है। मानसूनी हवाओं की रेखा शाहजहांपुर और वाराणसी से गुजर रही है, जबकि झारखंड-बिहार के रास्ते यूपी की ओर एक चक्रवात सक्रिय है। इन मौसमी परिस्थितियों के चलते अगले पांच दिनों तक प्रदेश में भारी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है।






