
देहरादून, 2 जुलाई 2026:
उत्तराखंड में सरकारी योजनाओं की बेहतर प्लानिंग, विभागों के बीच तालमेल बढ़ाने और बड़े प्रोजेक्ट्स की सटीक मॉनिटरिंग के लिए अब PM Gati Shakti Portal का दायरा और बढ़ाया जाएगा। मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने सचिवालय में नियोजन विभाग की ओर से आयोजित वर्कशाप में PM Gati Shakti Use Cases Collection 2.0 का विमोचन किया। इस दौरान विभागीय डेटा संग्रह के लिए तैयार Mobile App भी लॉन्च किया गया।
कार्यशाला में मुख्य सचिव ने कहा कि Geospatial Technology भविष्य की जरूरत है। इसके जरिए किसी भी जगह की सटीक जानकारी जुटाई, उसका विश्लेषण किया जा सकता है। उत्तराखंड जैसे पर्वतीय राज्य में सड़क, बिजली लाइन, पेयजल लाइन, रेलवे, भवन, बांध समेत दूसरे बड़े Infrastructure Projects की प्लानिंग में यह तकनीक बेहद उपयोगी साबित होगी।

उन्होंने कहा कि किसी भी प्रोजेक्ट की Geo Location की जानकारी मिलने से अलग-अलग विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनेगा। पूरे उत्तराखंड का प्रभावी Master Plan तैयार करने में भी यह प्लेटफॉर्म अहम भूमिका निभाएगा। सभी विभाग जितना ज्यादा प्रमाणिक डेटा पोर्टल पर अपलोड करेंगे, योजनाओं की गुणवत्ता उतनी बेहतर होगी।
मुख्य सचिव ने नियोजन विभाग को निर्देश दिए कि व्यय वित्त समिति की बैठकों में भी PM Gati Shakti Portal का इस्तेमाल किया जाए ताकि योजनाओं का बेहतर आकलन किया जा सके। उन्होंने 10 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाले सभी प्रोजेक्ट में Site Selection Committee के लिए Geo Mapping अनिवार्य करने के निर्देश भी दिए। साथ ही नई मंजूर होने वाली हर योजना को पोर्टल पर अपलोड करने को कहा, जिससे एक जैसी योजनाओं की दोहराव की स्थिति न बने और विभागों के बीच तालमेल मजबूत हो।
उन्होंने सभी विभागों में Master Resource Person नामित करने को कहा। इसमें स्वेच्छा से आगे आने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए। मुख्य सचिव ने BISAG-N की ओर से तैयार मोबाइल एप्लीकेशन को राज्य के प्रोग्रेस Portal (उन्नति) से जोड़ने की बात भी कही। साथ ही अधिकारियों को लगातार प्रशिक्षण लेने, कार्यशालाओं में भागीदारी बढ़ाने और जरूरत पड़ने पर BISAG-N जाकर तकनीकी प्रशिक्षण लेने के निर्देश दिए।
कार्यक्रम में एल फैनाई, आर मीनाक्षी सुन्दरम, डॉ पंकज कुमार पाण्डेय, डॉ एसएन पाण्डेय, श्रीधर बाबू अद्धांकी, हिमांशु खुराना, नरेन्द्र सिंह भण्डारी, बंशीधर तिवारी, BISAG-N के प्रतिनिधियों समेत विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।






