
लखनऊ, 6 अगस्त 2026:
स्वतंत्रता दिवस को जनभागीदारी का उत्सव बनाने के लिए यूपी सरकार इस वर्ष ‘हर घर तिरंगा’ अभियान को व्यापक स्तर पर आयोजित करने जा रही है। अभियान के तहत प्रदेश के 5 करोड़ घरों पर तिरंगा फहराने का लक्ष्य रखा गया है। इसके साथ ही प्रदेश के सभी 75 जनपदों में देशभक्ति की भावना को मजबूत करने के लिए तिरंगा महोत्सव, तिरंगा मेला और भव्य ‘तिरंगा संगीत समारोह (तिरंगा कॉन्सर्ट)’ आयोजित किए जाएंगे।
इस अभियान से जुड़े सभी कार्यक्रमों को अधिकतम जनभागीदारी के साथ आयोजित करने की तैयारी है। सीएम योगी का कहना है कि ‘हर घर तिरंगा’ अभियान का उद्देश्य केवल राष्ट्रीय ध्वज फहराना नहीं अपितु भावी पीढ़ी को देश के गौरवशाली इतिहास, स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के बलिदान और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्व का एहसास कराना भी है।
तिरंगा कॉन्सर्ट में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां होंगी आकर्षण का केंद्र
तिरंगा कॉन्सर्ट में देशभक्ति गीत, तिरंगा गान, सामूहिक वंदे मातरम और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र होंगी। कार्यक्रमों में नामचीन कलाकारों के साथ स्थानीय प्रतिभाओं को भी मंच मिलेगा। विभिन्न स्कूलों के छात्र-छात्राएं, पुलिस बल और आर्मी बैंड भी राष्ट्रभक्ति गीतों और प्रस्तुतियों के माध्यम से लोगों में देशप्रेम का संदेश देंगे।
इस अभियान का एक भावनात्मक पहलू भी होगा।
शहीद सैनिकों के परिजनों को किया जाएगा सम्मानित
स्वतंत्रता संग्राम और विभिन्न युद्धों में शहीद हुए सैनिकों के परिजनों को सार्वजनिक रूप से सम्मानित किया जाएगा, ताकि समाज नई पीढ़ी के सामने उनके योगदान को याद रख सके। राजधानी लखनऊ में भी तिरंगा संगीत समारोह की विशेष तैयारियां की जा रही हैं। संस्कृति विभाग के अनुसार 1090 चौराहा, हजरतगंज, घंटाघर चौक, जनेश्वर मिश्र पार्क, एमरॉल्ड मॉल, लुलु मॉल सहित कई प्रमुख स्थानों पर तिरंगा कॉन्सर्ट प्रस्तावित हैं, जहां हजारों लोगों की सहभागिता की उम्मीद है।

ग्राम पंचायत स्तर तक आयोजित होंगे कार्यक्रम
मुख्यमंत्री ने हाल ही में हुई समीक्षा बैठक में यह भी निर्देश दिया है कि 14 और 15 अगस्त को प्रदेश के सभी सिनेमाघरों में राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान का अनिवार्य रूप से प्रसारण किया जाए। इसके अलावा जनपद, ब्लॉक, तहसील और ग्राम पंचायत स्तर तक विविध कार्यक्रम आयोजित होंगे। इनमें जनप्रतिनिधियों, वरिष्ठ नागरिकों, व्यापार मंडलों, सामाजिक संगठनों, परिवहन क्षेत्र, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA), सरकारी कर्मचारियों, शिक्षण संस्थानों, एनसीसी और एनएसएस की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। सरकार का मानना है कि जनसहभागिता के साथ आयोजित होने वाला यह अभियान राष्ट्रभक्ति, सामाजिक एकजुटता और राष्ट्रीय गौरव को जन-जन तक पहुंचाने वाला एक व्यापक जनआंदोलन बनेगा।






