लखनऊ, 23 अप्रैल 2026:
शिक्षा का अधिकार (आरटीई) अधिनियम के तहत गरीब बच्चों के नामांकन में सुस्ती पर योगी सरकार ने कड़ा रुख अपना लिया है। वर्ष 2026-27 के लिए आवंटित सीटों पर शत-प्रतिशत दाखिला सुनिश्चित करने के लिए सरकार अब पूरी तरह एक्शन मोड में आ गई है।
बेसिक व माध्यमिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा ने सभी डीएम और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी करते हुए 25 अप्रैल 2026 तक हर हाल में सभी पात्र बच्चों का नामांकन पूरा करने का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने कहा है कि इस काम में किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आंकड़े सरकार की चिंता बढ़ा रहे हैं। आरटीई के तहत कुल 1,95,740 आवंटनों के मुकाबले अब तक 1,08,866 बच्चों का ही प्रवेश हो सका है। यानी लगभग आधे बच्चों का नामांकन अभी भी अधूरा है। इस लापरवाही पर सरकार ने सख्त संज्ञान लेते हुए फील्ड स्तर पर तत्काल और निर्णायक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि जिन बच्चों का अब तक दाखिला नहीं हुआ है उनकी सूची तत्काल तैयार की जाए और संबंधित विद्यालयों से समन्वय बनाकर प्रवेश प्रक्रिया में तेजी लाई जाए। किसी भी स्तर पर देरी या बहानेबाजी को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
सरकार ने इस अभियान की रोजाना मॉनिटरिंग के भी निर्देश दिए हैं। जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग को प्रतिदिन प्रगति रिपोर्ट तैयार कर समीक्षा करने को कहा गया है। तय समय सीमा के भीतर लक्ष्य हासिल करने के लिए अधिकारियों की जवाबदेही तय कर दी गई है। सरकार का संदेश साफ है कि अगर कहीं भी लापरवाही या शिथिलता सामने आई तो संबंधित अधिकारी सीधे कार्रवाई की जद में आएंगे।






