लखनऊ, 25 मई 2026:
यूपी में कानून-व्यवस्था, जनसुनवाई और धार्मिक आयोजनों को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेहद सख्त और स्पष्ट संदेश दिया है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से हुई उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने ऐलान किया कि अब प्रदेश के हर विकास खंड स्तर पर साप्ताहिक जनता चौपाल आयोजित की जाएगी। इसमें आम नागरिकों की शिकायतों का मौके पर ही समाधान कराया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राजस्व विवाद, घरेलू हिंसा, अवैध वसूली, पुलिस द्वारा रिपोर्ट दर्ज न किए जाने जैसी समस्याओं को अब टालने की संस्कृति समाप्त करनी होगी। चौपालों में जिला स्तरीय अधिकारियों की उपस्थिति अनिवार्य रहेगी। शासन स्तर से विस्तृत एसओपी जारी कर हर शिकायत के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण की निगरानी की जाएगी।उन्होंने स्पष्ट कहा कि आईजीआरएस और सीएम हेल्पलाइन पर केवल औपचारिक निस्तारण स्वीकार नहीं होगा। पीड़ित को वास्तविक राहत मिलनी चाहिए।
गंगा दशहरा और बकरीद को लेकर मुख्यमंत्री ने प्रशासन को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए। उन्होंने दो टूक कहा कि बकरीद पर सार्वजनिक स्थलों पर पशु कुर्बानी की अनुमति नहीं होगी। प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी पर पूर्ण रोक रहेगी। कुर्बानी केवल चिन्हित स्थलों पर ही होगी तथा किसी नई परंपरा को बढ़ावा नहीं दिया जाएगा। इसके साथ ही सड़क जाम कर नमाज पढ़ने की अनुमति किसी भी स्थिति में न देने के निर्देश भी दिए गए।
सीएम योगी ने सभी जिलों में कुर्बानी के बाद अपशिष्ट निस्तारण की पुख्ता व्यवस्था, खुले में मांस बिक्री पर रोक और अवैध स्लॉटर हाउसों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। संवेदनशील जनपद अलीगढ़, बिजनौर, सहारनपुर, रामपुर और संभल के अधिकारियों को विगत घटनाओं का अध्ययन कर संभावित अराजक तत्वों की सूची तैयार करने और जरूरत पड़ने पर निषेधात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
गंगा दशहरा की तैयारियों की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने प्रयागराज, वाराणसी, अयोध्या और चित्रकूट समेत प्रमुख धार्मिक स्थलों पर घाटों की सफाई, बैरिकेडिंग, एम्बुलेंस, छायादार व्यवस्था और पार्किंग प्रबंधन को प्राथमिकता देने को कहा।
बैठक में मुख्यमंत्री ने बिना नम्बर प्लेट वाहनों, अवैध खनन और भू-माफियाओं के खिलाफ भी सख्त अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जीरो टॉलरेंस नीति के तहत कार्रवाई हो लेकिन किसी निर्दोष नागरिक का उत्पीड़न नहीं होना चाहिए।






