अनिल निषाद
अयोध्या/लखनऊ, 15 जून 2026:
राम मंदिर के चढ़ावे में कथित गड़बड़ी के मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी और प्रतिक्रियाओं का दौर लगातार जारी है। एक ओर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया के जरिए सरकार पर तंज कसा है, वहीं बाबरी मस्जिद के पूर्व पैरोकार इकबाल अंसारी ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि उन्हें भगवान पर भरोसा है, पैसा कहीं नहीं जाएगा।
बता दें कि बीते एक सप्ताह से राम मंदिर में आने वाले चढ़ावा में करोड़ों का घपला सुर्खियों में है। इसकी जांच फिलहाल एसआईटी के स्तर पर शुरू हो गई है। इसी बीच राजनीतिक दलों के बयान और विभिन्न पक्षों की प्रतिक्रियाएं भी लगातार सामने आ रहीं हैं। अयोध्या निवासी व बाबरी मस्जिद के पूर्व पक्षकार इकबाल अंसारी ने मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राज्य सरकार ने जांच के लिए एसआईटी का गठन किया है और उन्हें उम्मीद है कि जांच पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ होगी।
उन्होंने कहा कि राम मंदिर में आने वाला चढ़ावा करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा है और इससे संबंधित किसी भी तरह की अनियमितता गंभीर विषय है। राम मंदिर निर्माण में देशभर के लोगों ने अपनी श्रद्धा और विश्वास के साथ योगदान दिया था। ऐसे में यह स्पष्ट होना चाहिए कि कथित तौर पर धन कहां गया, किसने लिया और यदि कोई गड़बड़ी हुई है तो उसके लिए जिम्मेदार कौन है। उन्होंने कहा, ‘भगवान का पैसा कहीं नहीं जाएगा। भगवान स्वयं अपने पैसे ढूंढ लेंगे। जिन्होंने भी पैसा गायब किया है, वे एक न एक दिन जरूर पकड़े जाएंगे’। पूरे देश की तरह उनकी भी मांग है कि मामले की निष्पक्ष जांच हो और जो भी दोषी पाया जाए, उसके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए।
इधर सपा मुखिया अखिलेश यादव ने एक बार फिर से अपने एक्स अकाउंट पर टिप्पणी करते हुए कहा कि भाजपा का भ्रष्ट शासनकाल दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने तंज कसते हुए लिखा कि प्रदेश में जहां आईआईटी बननी चाहिए, वहां एसआईटी बनाई जा रही है। बता दें कि इससे पहले भी उन्होंने कहा था कि षडयंत्र का सच आसपास ही है अगर पुलिस नहीं खोज पा रही है तो हम मदद कर दें।






