Sitapur City

छत पर चढ़ा जंगली जानवर, मां संग सो रही मासूम पर हमला, बाघ की तलाश के बीच घटना से दहशत

बैजवारी गांव में रात करीब एक बजे छत पर पहुंचा जंगली जानवर, बच्ची के रोने की आवाज सुनकर जागे परिजन और किसी तरह उसे भगाया, सीएचसी रेउसा में बच्ची का इलाज, कुछ दिन पहले इसी गांव से चार माह की बच्ची को उठा ले गया था भेड़िया

सीतापुर, 26 जुलाई 2026:

थानगांव क्षेत्र के बैजवारी गांव में मां के साथ छत पर सो रही पांच माह की बच्ची पर जंगली जानवर ने हमला कर दिया। बच्ची के रोने की आवाज सुनकर परिवार की नींद खुली तो लोगों ने किसी तरह जानवर को वहां से भगाया। हमले में घायल बच्ची को परिवार वाले सीएचसी रेउसा लेकर पहुंचे, जहां उसका इलाज किया गया। बता दें कि रसुलवा गांव में किसान की मौत के दस दिन बाद अभी बाघ पकड़ में नहीं आ सका है। ऐसे में इस हमले से ग्रामीण और सहम गए हैं।

रात में छत पर पहुंचा जंगली जानवर

बैजवारी निवासी अरुण कुमार शुक्ला की पांच माह की बेटी शिविका अपनी मां कुन्नी देवी के साथ छत पर सो रही थी। रात करीब एक बजे जंगली जानवर छत पर पहुंच गया और बच्ची पर हमला कर दिया। बच्ची के रोने की आवाज सुनकर परिजन जाग गए। परिवार के लोगों ने शोर मचाकर किसी तरह जानवर को वहां से भगाया। इसके बाद परिजन घायल बच्ची को लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रेउसा पहुंचे। डॉक्टरों ने बच्ची का इलाज किया। घटना की जानकारी मिलने पर पुलिस और वन विभाग की टीम भी गांव पहुंची।

ये भी पढ़ें:

वन विभाग ने इलाके में की कांबिंग

बच्ची पर हमले की सूचना के बाद SDO Forest विकास कुमार यादव और रेंजर अतुल श्रीवास्तव ने गांव का निरीक्षण किया। वन विभाग की टीम ने आसपास के इलाके में कांबिंग की, लेकिन जंगली जानवर का पता नहीं चल सका। ग्रामीणों को रात के समय सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

कुछ दिन पहले बच्ची को उठा ले गया था भेड़िया

बैजवारी गांव में जंगली जानवर के हमले की यह पहली घटना नहीं है। बीते मंगलवार को मां के साथ सो रही चार माह की बच्ची को भेड़िया उठा ले गया था। बच्ची का अब तक पता नहीं चल सका है। इसके बाद से गांव में लोगों की चिंता बढ़ी हुई है। लगातार हो रही घटनाओं को देखते हुए ग्रामीणों ने गांव में पिंजरा लगाने की मांग की है। साथ ही रात के समय निगरानी बढ़ाने की बात कही है। वन विभाग की टीम इलाके में नजर रख रही है और जंगली जानवर की तलाश की जा रही है।

बता दें कि दस दिन पूर्व रसुलवा गांव में किसान की मौत के बाद से वन विभाग लगातार बाघ को पकड़ने की कोशिश कर रहा है, लेकिन अब तक सफलता नहीं मिली है। पकड़ने की कोशिश के दौरान बाघ लगाए गए पिंजरे तक पहुंचा, लेकिन उसमें बंधी बकरी का शिकार किए बिना ही वापस जंगल की तरफ लौट गया। इसके बाद वन विभाग ने पगचिह्न मिलने पर इलाके में कॉम्बिंग अभियान चलाया, लेकिन टीम के हाथ कुछ नहीं लगा।

ये भी पढ़ें  लखनऊ में सड़कों पर आक्रोश : सोनम वांगचुक के समर्थन में छात्र-युवा लामबंद, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की गूंज

Anand Sharma

आनंद शर्मा 30 वर्ष से अधिक समय से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। ‘राष्ट्रीय सहारा’ व ‘हिंदुस्तान’ दैनिक समाचार पत्र में फील्ड रिपोर्टिंग के साथ सम्पादन का काम भी चलता रहा। जिला स्तर पर संवाददाता और ब्यूरो प्रमुख के रूप में लंबे समय तक सक्रिय रहे। इस दौरान विख्यात… More »

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button