
राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 24 सितंबर 2026:
उत्तराखंड के टिहरी में झील के आसपास करीब 8 हजार हेक्टेयर क्षेत्र को बड़े Tourism Destination के रूप में विकसित करने की तैयारी शुरू हो गई है। मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने बृहस्पतिवार को सचिवालय में पर्यटन विभाग के साथ बैठक कर पूरे इलाके का Master Plan और Zonal Plan तैयार करने के निर्देश दिए। मकसद टिहरी झील को अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर स्थापित करना है।
पूरे लेक एरिया में बनेंगे खास टूरिज्म जोन
मुख्य सचिव ने कहा कि टिहरी झील को One State, One Global Destination की अवधारणा के तहत विकसित किया जाए। इसके लिए पूरे Lake Area में अलग-अलग तरह की पर्यटन गतिविधियों को आपस में जोड़कर प्रमुख Magnet Areas विकसित किए जाएंगे। योजनाओं को चरणबद्ध तरीके से जमीन पर उतारने पर जोर दिया गया है, ताकि पर्यटक कुछ घंटे घूमकर लौटने के बजाय एक-दो दिन या उससे ज्यादा समय टिहरी में रुकें।

अप्रैल से जून तक भी पर्यटकों के लिए रहेगा आकर्षण
टिहरी झील में अप्रैल, मई और जून के दौरान जलस्तर कम रहता है। इसे देखते हुए इन महीनों के लिए अलग Tourism Activity Plan तैयार किया जाएगा। मौसम और झील के जलस्तर को ध्यान में रखते हुए पूरे साल का Tourism Activity Calendar बनाया जाएगा, जिससे ऑफ सीजन में भी पर्यटकों के लिए अलग-अलग गतिविधियां उपलब्ध रहें।
वाटर स्पोर्ट्स के साथ ट्रैकिंग और गांवों पर फोकस
टिहरी में पर्यटन को केवल Water Sports तक सीमित नहीं रखा जाएगा। Adventure, Tracking, Nature, Culture और Village Tourism को एक साथ विकसित करने की योजना है। इसके तहत नए ट्रैकिंग रूट और Trails बनाए जाएंगे। झील के आसपास के गांवों को भी Tourism Circuit से जोड़ा जाएगा। यहां आने वाले पर्यटकों को स्थानीय खान-पान, संस्कृति, परंपराओं और ग्रामीण जीवन से जोड़ने के लिए Village Visit और Cultural Visit जैसी गतिविधियां विकसित की जाएंगी।
SPA से ली जाएगी तकनीकी मदद
टिहरी झील के Master Plan को तैयार करने के लिए School of Planning and Architecture यानी SPA New Delhi और SPA Bhopal से तकनीकी सहयोग लेने की संभावनाएं देखी जाएंगी। झील के विकास की पूरी कार्ययोजना और प्रस्तावित गतिविधियों का विस्तृत Presentation तैयार किया जाएगा।
प्रधानमंत्री के सामने रखा जाएगा प्रस्ताव
टिहरी झील के विकास से जुड़ी इस योजना को प्रधानमंत्री के सामने भी प्रस्तुत करने की तैयारी है। अगली बैठक में THDC के अधिकारियों को भी बुलाया जाएगा, जिससे झील क्षेत्र के विकास से जुड़े मुद्दों पर सभी संबंधित विभागों के बीच समन्वय किया जा सके। बैठक में सचिव धीराज सिंह गर्ब्याल, एपीसीसीएफ डॉ. विवेक पाण्डेय, सुरेन्द्र मेहरा, सीसीएफ प्रसन्ना कुमार पात्रो, अपर सचिव विनीत कुमार, हिमांशु खुराना, अभिषेक रोहिला और जिलाधिकारी टिहरी नितिका खण्डेलवाल मौजूद रहीं।






