Lucknow CityPoliticsUttar Pradesh

वंदे मातरम पर BJP-कांग्रेस आमने-सामने, मायावती ने दोनों को घेरा- असल मुद्दों पर ध्यान दो

दो छंद बनाम पूरा वंदे मातरम विवाद पर बसपा सुप्रीमो ने साधा निशाना, बेरोजगारी, युवाओं और बाढ़ से हो रही तबाही पर सरकारों को घेरा

लखनऊ, 21 अगस्त 2026:

राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम के गायन को लेकर देश में छिड़ी सियासी बहस के बीच बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने भाजपा और कांग्रेस दोनों पर निशाना साधा है। मायावती ने कहा कि वंदे मातरम पूरा गाया जाए, केवल शुरुआती दो छंद गाए जाएं या इसे न गाया जाए, इस मुद्दे पर इस समय देश में जिस तरह की राजनीति हो रही है, वह ठीक नहीं है।
vande-mataram-controversy-mayawati-targets-bjp-and-congress1

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए मायावती ने कहा कि वंदे मातरम को लेकर हाल ही में संसद में कानून पास किया गया है लेकिन यह पहली बार नहीं है जब सत्ता परिवर्तन के साथ कानूनों को लेकर राजनीति हुई हो। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र और राज्यों में सत्ता बदलने पर राजनीतिक दल अपने स्वार्थ और फायदे के हिसाब से एक-दूसरे के बनाए कानूनों में बदलाव करते रहे हैं।

बसपा सुप्रीमो ने कहा कि ऐसे मुद्दों के जरिए कई बार जनता का ध्यान वास्तविक समस्याओं से भटकाने की कोशिश होती है। उन्होंने केंद्र और सभी राज्य सरकारों के साथ-साथ राजनीतिक दलों से देश और जनहित के गंभीर मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करने की अपील की।

ये भी पढ़ें:

मायावती ने खास तौर पर बेरोजगार युवाओं, छात्र-छात्राओं, जेन-जी और जेन-अल्फा (स्कूली बच्चों) का मुद्दा उठाया। इसके अलावा देश के कुछ हिस्सों में आई भीषण बाढ़ से हो रही जान-माल की क्षति को भी उन्होंने प्राथमिकता देने की जरूरत बताई।

उन्होंने साफ कहा कि मौजूदा समय में देश के सामने कई बेहद महत्वपूर्ण चुनौतियां हैं। सरकारों तथा राजनीतिक दलों का ध्यान इन्हीं मुद्दों पर होना चाहिए। ऐसे में वंदे मातरम के गायन को लेकर जारी राजनीतिक टकराव को उन्होंने समय की प्राथमिक जरूरतों से भटकाने वाला कदम बताया।

ये भी पढ़ें  नोएडा की सोसायटी में बसंत पंचमी पर स्विमिंग पूल में त्रिवेणी संगम का जल, 500 लोगों ने किया स्नान

Rakesh Kumar Verma

राकेश कुमार वर्मा एक वरिष्ठ पत्रकार हैं। इन्हें मीडिया जगत में लगभग 31 वर्षों का व्यापक और समृद्ध अनुभव है। इन्होंने प्रिंट और डिजिटल दोनों ही माध्यमों में कार्य करते हुए अपनी मजबूत और प्रभावशाली उपस्थिति दर्ज कराई है। यूपी की राजधानी लखनऊ में स्वतंत्र भारत, राष्ट्रीय सहारा, जनसत्ता एक्सप्रेस,… More »

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Back to top button