
वाराणसी, 29 जुलाई 2026:
संत शिरोमणि श्री गुरु रविदास के 650वें जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में भाजपा गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर आज राष्ट्रव्यापी ‘श्री गुरु रविदास महाराज समरसता संकल्प अभियान’ का भव्य शुभारंभ उनकी जन्मस्थली सीर गोवर्धनपुर, वाराणसी से करेगी। अभियान का उद्देश्य संत रविदास के समरसता, समानता, मानवता और सामाजिक सौहार्द के संदेश को देश के कोने-कोने तक पहुंचाना है।
इस अवसर पर सीएम योगी आदित्यनाथ संत रविदास की जन्मस्थली पहुंचकर मत्था टेकेंगे और आशीर्वाद प्राप्त करेंगे। कार्यक्रम में भाजपा के वरिष्ठ नेताओं, संत-महात्माओं तथा विभिन्न राज्यों से आए प्रतिनिधियों की मौजूदगी रहेगी। आयोजन में लगभग 25 हजार लोगों के शामिल होने का लक्ष्य रखा गया है।
कार्यक्रम का सबसे प्रमुख आकर्षण संत रविदास की पावन जन्मभूमि की मिट्टी से भरे 131 कलशों का पूजन होगा। इन कलशों को उत्तर प्रदेश के 98 संगठनात्मक जिलों के साथ-साथ देश के 27 राज्यों और छह जोनों के प्रतिनिधियों को सौंपा जाएगा। इन कलशों के माध्यम से संत रविदास की जन्मभूमि का आध्यात्मिक और सामाजिक संदेश गांवों, बस्तियों और मंडलों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।
अभियान के शुभारंभ के साथ गुरु रविदास महाराज समरसता दीप अभियान भी शुरू होगा। इसके तहत श्री रविदास घाट एवं पार्क में 11 हजार दीप प्रज्ज्वलित किए जाएंगे। श्री रविदास स्मारक स्थल पर भी दीपोत्सव आयोजित होगा। देशभर के गुरु रविदास मंदिरों और भाजपा के सभी मंडलों में भी दीप प्रज्ज्वलन कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
इस अवसर पर भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन, सीएम योगी आदित्यनाथ, प्रदेश के प्रभारी मंत्री सुरेश खन्ना, प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, प्रदेश महामंत्री संगठन धर्मपाल सिंह, डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य एवं ब्रजेश पाठक, पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह, समाज कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण, राजस्थान के डिप्टी सीएम प्रेम चंद्र बैरवा सहित कई जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति प्रस्तावित है। डेरा सच्चखंड बल्लां के प्रमुख और देशभर से आए अनेक संत भी कार्यक्रम में शामिल होंगे।
भाजपा अनुसूचित वर्ग मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष लाल सिंह आर्य ने बताया कि यह राष्ट्रव्यापी अभियान 20 फरवरी 2027 (माघी पूर्णिमा) तक पांच चरणों में संचालित होगा। पहले चरण में आज से 10 सितंबर तक कलश वंदन अभियान, 31 अगस्त तक संत संपर्क अभियान, 5 अक्टूबर से 5 नवंबर तक जालंधर से काशी तक समरसता यात्रा, 26 नवंबर से 15 जनवरी तक छात्रावास संपर्क अभियान तथा अंतिम चरण में सामूहिक आरती, गुरुवाणी पाठ, भजन संध्या और समरसता संकल्प जैसे धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
भाजपा का कहना है कि गुरु पूर्णिमा से माघी पूर्णिमा तक चलने वाला यह अभियान केवल धार्मिक आयोजन नहीं अपितु संत रविदास के विचारों के माध्यम से सामाजिक समरसता, समानता और राष्ट्रीय एकता को सशक्त बनाने का व्यापक जनआंदोलन होगा।






