Lucknow City

मां की आंखों के सामने बुझ गई जिंदगी, पानी की बाल्टी में डूबा छह माह का मासूम

लखनऊ के पीजीआई क्षेत्र की सतगुरुपुरम कॉलोनी में हुआ हादसा, मजदूर दंपती की इकलौती संतान की मौत, डॉक्टरों ने छोटे बच्चों को पानी के पास अकेला न छोड़ने की दी सलाह

एमएम खान

मोहनलालगंज (लखनऊ), 29 जुलाई 2026:

यूपी की राजधानी लखनऊ के पीजीआई क्षेत्र की सतगुरुपुरम कॉलोनी में बुधवार सुबह एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को गमगीन कर दिया। खेलते-खेलते पानी से भरी बाल्टी में गिरने से छह माह के मासूम की डूबकर मौत हो गई। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया जबकि मां का रो-रोकर बुरा हाल है।

जानकारी के अनुसार गोंसाईगंज-सुलतानपुर रोड निवासी कुलदीप करीब डेढ़ वर्ष से पत्नी शिवानी के साथ पीजीआई के चरन भट्ठा रोड स्थित सतगुरुपुरम कॉलोनी में किराये के मकान में रह रहे हैं। कुलदीप मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। छह माह का बेटा उनकी पहली और इकलौती संतान था।

ये भी पढ़ें:

बताया गया कि बुधवार सुबह कुलदीप काम पर जा चुके थे। शिवानी घर के कामकाज में व्यस्त थीं। इसी दौरान मासूम खेलते-खेलते पानी से भरी बाल्टी के पास पहुंच गया और उसमें गिर पड़ा। कुछ देर बाद जब परिजनों की नजर पड़ी तो बच्चे को तत्काल पास के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।

बेटे की मौत की खबर सुनते ही मां शिवानी बदहवास हो गईं। वह बार-बार अपने लाल को सीने से लगाकर बिलखती रहीं और कई बार बेहोश भी हो गईं। वहीं पिता कुलदीप भी इकलौते बेटे को खोने के गम में पूरी तरह टूट गए। अस्पताल और मोहल्ले में मौजूद लोगों की आंखें भी इस दर्दनाक मंजर को देखकर नम हो गईं। हादसे के बाद पूरे परिवार और इलाके में शोक का माहौल है।
lucknow-news-6-month-old-drowns-in-water-bucket-pgi-satgurupuram (2)

चिकित्सकों ने इस घटना को गंभीर चेतावनी बताते हुए कहा कि दो वर्ष तक के बच्चों को कभी भी पानी से भरी बाल्टी, टब या अन्य जल स्रोतों के पास अकेला नहीं छोड़ना चाहिए। विशेषज्ञों के अनुसार थोड़ी-सी मात्रा में पानी भी छोटे बच्चों के लिए जानलेवा साबित हो सकती है।

ये भी पढ़ें  नए साल का जश्न... दरोगा जी हो गए टल्ली, बैरिकेड पर कार चढ़ाई, डीसीपी से भी भिड़े, फिर जो हुआ...

Rakesh Kumar Verma

राकेश कुमार वर्मा एक वरिष्ठ पत्रकार हैं। इन्हें मीडिया जगत में लगभग 31 वर्षों का व्यापक और समृद्ध अनुभव है। इन्होंने प्रिंट और डिजिटल दोनों ही माध्यमों में कार्य करते हुए अपनी मजबूत और प्रभावशाली उपस्थिति दर्ज कराई है। यूपी की राजधानी लखनऊ में स्वतंत्र भारत, राष्ट्रीय सहारा, जनसत्ता एक्सप्रेस,… More »

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Back to top button
Secret Link