
अनिल निषाद
अयोध्या, 29 जुलाई 2026:
सावन माह की शुरुआत के साथ गुरुवार से रामनगरी अयोध्या शिवभक्ति और आस्था के रंग में सराबोर हो जाएगी। एक माह तक चलने वाले भव्य सावन मेले को लेकर प्रशासन ने तैयारियां लगभग पूरी कर ली हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सुचारु व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करने के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं। बुधवार को मंडलायुक्त राजेश कुमार, डीआईजी सोमेन बर्मा और डीएम शशांक त्रिपाठी ने अधिकारियों के साथ राम की पैड़ी और नया घाट क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और जरूरी निर्देश दिए।
प्रशासन का अनुमान है कि सावन के तीसरे और अंतिम सोमवार को सबसे अधिक कांवड़िए और श्रद्धालु अयोध्या पहुंचेंगे। इसे देखते हुए यातायात और कांवड़ यात्रा के लिए विशेष रूट प्लान पहले से तैयार कर लिया गया है जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
मेले में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए अतिरिक्त शौचालय, महिलाओं के लिए चेंजिंग रूम, शुद्ध पेयजल, निर्बाध बिजली आपूर्ति सहित सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। बारिश के मौसम को ध्यान में रखते हुए फिसलन रोकने के लिए प्रमुख मार्गों पर बालू डाली जाएगी, जबकि मंदिरों के आसपास जूट मैटिंग बिछाई जाएगी।
सरयू नदी में स्नान करने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए जल पुलिस की तैनाती के साथ फ्लोटिंग बैरियर लगाए गए हैं जिससे लोग केवल सुरक्षित क्षेत्र में ही स्नान कर सकें। वहीं पूरे मेले की सुरक्षा व्यवस्था एटीएस, एसटीएफ और अतिरिक्त 12 कंपनी पीएसी के हवाले रहेगी। संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।
इस बार सावन मेले का सबसे बड़ा आकर्षण मणि पर्वत का ऐतिहासिक मेला होगा। पहली बार श्रीराम जन्मभूमि मंदिर से भगवान श्रीराम की पालकी मणि पर्वत तक पहुंचेगी जहां भगवान श्रीराम झूला उत्सव में विराजमान होंगे। इस अनूठे आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह है और प्रशासन को बड़ी संख्या में भक्तों के पहुंचने की उम्मीद है।






