लखनऊ, 20 जून 2026:
नीट यूजी-2026 री-एग्जाम में शामिल होने वाले लाखों अभ्यर्थियों की यात्रा को आसान बनाने के लिए भारतीय रेलवे ने विशेष इंतजाम किए हैं। परीक्षा के दिन छात्रों को समय पर परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाने के उद्देश्य से लखनऊ, गोरखपुर, वाराणसी, प्रयागराज और पटना रूट पर सात परीक्षा स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया जाएगा। रेलवे के इस फैसले से दूर-दराज जिलों से आने वाले अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
पूर्वोत्तर रेलवे, लखनऊ मंडल के अधिकारियों के अनुसार 21 जून को गोरखपुर और लखनऊ के बीच दो जोड़ी अनारक्षित परीक्षा स्पेशल ट्रेनें चलाई जाएंगी। ट्रेन संख्या 05007 गोरखपुर से सुबह 4:05 बजे रवाना होकर सुबह 10 बजे लखनऊ जंक्शन पहुंचेगी। वापसी में ट्रेन संख्या 05008 शाम 7:15 बजे लखनऊ से चलकर रात 1:15 बजे गोरखपुर पहुंचेगी। इसी तरह ट्रेन संख्या 05036 सुबह 4:40 बजे लखनऊ से रवाना होकर 10:05 बजे गोरखपुर पहुंचेगी और ट्रेन संख्या 05035 शाम 7:15 बजे गोरखपुर से चलकर रात 1:10 बजे लखनऊ पहुंचेगी।
उत्तर रेलवे ने भी परीक्षार्थियों के लिए विशेष व्यवस्था की है। ट्रेन संख्या 04206 शाम 5:55 बजे लखनऊ से वाराणसी जंक्शन के लिए रवाना होगी। यह ट्रेन बाराबंकी, रुदौली, अयोध्या कैंट, अयोध्या धाम, गोसाईंगंज, अकबरपुर, शाहगंज, जौनपुर और जफराबाद सहित कई प्रमुख स्टेशनों पर ठहरेगी।

प्रयागराज जाने वाले छात्रों के लिए ट्रेन संख्या 04202 शाम 5:45 बजे लखनऊ से प्रयागराज संगम के लिए चलेगी। इस ट्रेन में यात्रियों की अधिक संख्या को देखते हुए 14 अनारक्षित कोच लगाए गए हैं। ट्रेन बछरावां, रायबरेली, ऊंचाहार, कुंडा हरनामगंज और फाफामऊ समेत कई स्टेशनों पर ठहराव करेगी। वहीं ट्रेन संख्या 04208 वाराणसी जंक्शन से पटना जंक्शन के बीच पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन मार्ग से संचालित की जाएगी।
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि परीक्षा के दिन अतिरिक्त ट्रेनों के संचालन से न केवल अभ्यर्थियों को सुगम यात्रा सुविधा मिलेगी, बल्कि नियमित ट्रेनों पर बढ़ने वाला दबाव भी कम होगा।
हालांकि दूसरी ओर दिल्ली-सहारनपुर रेलखंड पर मुजफ्फरनगर और मोदीनगर के बीच रेलवे पुल संख्या-61 पर स्टील गार्डर बदलने के कार्य के चलते 15 घंटे 25 मिनट का मेगा ब्लॉक शनिवार रात तक जारी रहेगा। इस ब्लॉक के कारण कई ट्रेनों का संचालन प्रभावित रहा। इससे दैनिक यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा और बड़ी संख्या में लोगों ने रोडवेज बसों का सहारा लिया।






