देहरादून, 20 जून 2026:
उत्तराखंड में रोजगार सृजन और विकास योजनाओं को गति देने के लिए दो बड़े फैसले लिए गए। सीएम धामी ने प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना के तहत राज्य के करीब छह हजार कर्मचारियों और 900 से अधिक नियोक्ताओं को 24 करोड़ रुपये से अधिक की प्रोत्साहन राशि सौंपी, वहीं प्रदेशभर में विभिन्न विकास योजनाओं और निर्माण कार्यों के लिए 289 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की।
मुख्य सेवक सदन स्थित मुख्यमंत्री आवास में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना के लाभार्थियों को सम्मानित किया। देशभर में आयोजित इस कार्यक्रम को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअल माध्यम से संबोधित करते हुए योजना की दूसरी किस्त के तहत 15 लाख से अधिक युवाओं और श्रमिकों को 2400 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि जारी की।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि युवा शक्ति विकसित भारत-2047 के लक्ष्य की सबसे बड़ी पूंजी है। उन्होंने कहा कि पहली बार नौकरी पाने वाले युवाओं को 15 हजार रुपये तक की सहायता और अतिरिक्त रोजगार देने वाले संस्थानों को चार वर्षों तक प्रति कर्मचारी हर महीने तीन हजार रुपये तक का प्रोत्साहन दिया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में निवेश और उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए 30 से अधिक नीतियां लागू की गई हैं। ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के जरिए मिले 3.56 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों में से एक लाख करोड़ रुपये से अधिक के प्रस्ताव धरातल पर उतर चुके हैं। उन्होंने बताया कि पिछले साढ़े चार वर्षों में 33 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां दी गई हैं और बेरोजगारी दर में 4.4 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है।
इसी बीच मुख्यमंत्री ने प्रदेश के विभिन्न जिलों में आधारभूत ढांचे, पेयजल, यातायात, आपदा राहत और सार्वजनिक सुविधाओं से जुड़ी परियोजनाओं के लिए 289 करोड़ रुपये की वित्तीय मंजूरी दी। गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, पंतनगर के लिए 75 करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी करने की स्वीकृति दी गई, जबकि विश्व बैंक समर्थित यू-प्रिपेयर परियोजना के लिए भी 75 करोड़ रुपये मंजूर किए गए।
देहरादून शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने और प्रमुख चौराहों के आधुनिकीकरण के लिए 33.45 करोड़ रुपये मंजूर किए गए। सहसपुर और शंकरपुर हुकुमतपुर पेयजल योजनाओं के लिए 40 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए। पिथौरागढ़ जिले में 78 प्रभावित परिवारों के पुनर्वास के लिए 3.81 करोड़ रुपये तथा वन्यजीवों से होने वाली मानव, पशु और फसल क्षति के मुआवजे के लिए 30 करोड़ रुपये जारी किए गए।
खटीमा क्षेत्र में सड़क निर्माण, हरिद्वार जिला न्यायालय में सीसीटीवी व्यवस्था, सहस्त्रधारा हेलीपैड के विस्तार, गंगोलीहाट में विद्युत उपकेंद्र और अन्य कई स्थानीय विकास कार्यों के लिए भी धनराशि स्वीकृत की गई। इसके अलावा अल्मोड़ा में पपरसैली-बल्टा मोटर मार्ग का नाम शहीद उप निरीक्षक भूपाल सिंह कीर्ति चक्र मोटर मार्ग रखने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि सरकार युवाओं को केवल रोजगार उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि निवेश, उद्योग, स्वरोजगार और आधारभूत सुविधाओं के विस्तार के जरिए राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में लगातार काम कर रही है। उन्होंने युवाओं से अवसरों का इंतजार करने के बजाय अपनी प्रतिभा और कौशल के बल पर नए अवसरों का सृजन करने का आह्वान किया।






