
अयोध्या, 10 अगस्त 2026:
रामनगरी अयोध्या में विकास की रफ्तार के साथ अब त्रेतायुग की स्मृतियों को भी आधुनिक स्वरूप दिया जा रहा है। दीपोत्सव से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की बड़ी सौगात के रूप में ‘दशरथ पथ’ श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए तैयार होने जा रहा है। करीब 15.390 किलोमीटर लंबा यह फोरलेन मार्ग साकेत पेट्रोल पंप से बिल्वहरी घाट स्थित महाराज दशरथ के समाधि स्थल तक श्रद्धालुओं को सीधे जोड़ेगा।
418.98 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे दशरथ पथ का करीब 92 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। इसे दीपोत्सव से पहले पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। करीब 14 मीटर चौड़े इस मार्ग पर आधुनिक लाइटिंग, लगभग एक मीटर चौड़ा फुटपाथ और डिवाइडर की व्यवस्था होगी। ऐसे में यह मार्ग केवल वाहनों के लिए सुगम रास्ता ही नहीं बनेगा, बल्कि पैदल श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा का भी ध्यान रखेगा।
जाम से राहत, कनेक्टिविटी को मिलेगी रफ्तार
दशरथ पथ के तैयार होने से अयोध्या के अंदरूनी क्षेत्रों की कनेक्टिविटी बेहतर होगी। धार्मिक पर्यटन के लगातार बढ़ते दबाव के बीच यह मार्ग शहर की यातायात व्यवस्था को नया विकल्प देगा। इससे वाहनों के आवागमन में आसानी होने के साथ ही यात्रा का समय भी कम होने की उम्मीद है।
लोक निर्माण विभाग के प्रांतीय खंड के सहायक अभियंता शशांक पाण्डेय के मुताबिक परियोजना पर तेजी से काम कराया जा रहा है। करीब 92 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। दीपोत्सव से पहले इसे पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है।
30 मुद्रा स्तंभ बताएंगे योग और शौर्य की कहानी
दशरथ पथ की खूबसूरती और सांस्कृतिक पहचान को और खास बनाने के लिए अयोध्या विकास प्राधिकरण करीब 82.68 लाख रुपये की लागत से 30 मुद्रा स्तंभ स्थापित करेगा। करीब हर 500 मीटर पर एक स्तंभ लगाया जाएगा। इनमें 15 स्तंभों पर योग मुद्राएं और 15 पर शस्त्र मुद्राएं प्रदर्शित होंगी।

भारतीय संस्कृति के शौर्य व वीरता की झलक दिखाएंगी शस्त्र मुद्राएं
करीब छह फीट ऊंचे इन स्तंभों पर वायु, अग्नि और आयु जैसी योग मुद्राएं आध्यात्मिक परंपरा का संदेश देंगी, जबकि शस्त्र मुद्राएं भारतीय संस्कृति के शौर्य और वीरता की झलक दिखाएंगी। रात में आकर्षक रोशनी के बीच ये स्तंभ दशरथ पथ की सुंदरता में चार चांद लगाएंगे। दशरथ पथ अयोध्या में आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और त्रेतायुग की सांस्कृतिक स्मृतियों के संगम के रूप में नई पहचान बनाने की ओर बढ़ रहा है।






