
लखनऊ, 18 सितंबर 2026:
यूपी के आगामी UP Assembly Election 2027 से पहले सियासी समीकरणों को लेकर बयानबाजी तेज है। इसी कड़ी में डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने एक्स पोस्ट के जरिए सपा मुखिया अखिलेश यादव पर सीधा निशाना साधा है। उन्होंने साल 2022 के विधानसभा चुनाव में सपा की रणनीति, गठबंधन के साथ कई नेताओं को पार्टी में शामिल कराने से लेकर जातीय समीकरणों तक का जिक्र करते हुए अखिलेश यादव की चुनावी रणनीति पर सवाल उठाए हैं।
2022 के गठबंधन की दिलाई याद
केशव मौर्य ने अपने पोस्ट में कहा कि साल 2022 के यूपी विधानसभा चुनाव में तीन-तिकड़म कर सपा ने राष्ट्रीय लोकदल और सुभासपा से हाथ मिलाने के साथ कई वजूद वाले नेताओं को अपने दल में शामिल कराया था। इसके बावजूद वह भाजपा को सत्ता से नहीं हटा सकी। उन्होंने कहा कि सपा के सभी सामाजिक और राजनीतिक समीकरण धरे के धरे रह गए।
नेतृत्व पर भी साधा निशाना
डिप्टी सीएम ने सपा पर निशाना साधते हुए कहा कि उसके पास न कोई दृष्टिकोण है न विश्वसनीय नेतृत्व। उन्होंने दावा किया कि जनता का भरोसा भी सपा में कतई नहीं है। केशव मौर्य के मुताबिक इस बार भी सपा का जातीय समीकरणों और खोखले नारों का खेल धरा का धरा रह जाएगा।
जगज़ाहिर है कि साल 2022 के यूपी विधानसभा चुनाव में 'तीन-तिकड़म' कर सपा ने राष्ट्रीय लोकदल और सुभासपा से हाथ मिलाने के साथ कई वजूद वाले नेताओं को अपने दल में शामिल कराया, इसके बावजूद वह भाजपा को सत्ता से नहीं हटा सकी। उसके सभी सामाजिक और राजनीतिक समीकरण धरे के धरे रह गए।
दरअसल,…
— Keshav Prasad Maurya (@kpmaurya1) September 18, 2026
अखिलेश की पैंतरेबाजी पर उठाया सवाल
केशव मौर्य ने अपने पोस्ट में सीधे सपा मुखिया अखिलेश यादव की चुनावी रणनीति को निशाने पर लिया। उन्होंने कहा कि सपा बहादुर अखिलेश यादव की कोई भी पैंतरेबाजी तीसरी बार भी भाजपा की बाजी नहीं पलट पाएगी।
भाजपा की हैट्रिक का किया दावा
डिप्टी सीएम ने पोस्ट के आखिर में दावा किया कि उत्तर प्रदेश में भाजपा की हैट्रिक तय है और तीसरी बार भी कमल ही खिलेगा। यह बयान ऐसे समय आया है जब UP Election 2027 को लेकर भाजपा, सपा समेत दूसरे दलों की तरफ से नए राजनीतिक समीकरण बनाने की कोशिशें तेज हैं। केशव मौर्य इससे पहले भी 2027 में भाजपा की लगातार तीसरी सरकार बनने का दावा कर चुके हैं।






