
वाराणसी, 21 अगस्त 2026:
यूपी के वाराणसी स्थित रोहनिया इलाके में तीन दिन से लापता 22 वर्षीय MSC छात्रा श्रेया उपाध्याय की लाश उसके प्रेमी के किराए के कमरे के बाथरूम से मिली। शव काफी खराब हालत में था। परिवार की शिकायत पर पुलिस ने गुमशुदगी के मामले को हत्या में बदल दिया है। आरोपी प्रेमी विवेक चौबे की तलाश में SOG समेत चार टीमें लगाई गई हैं।

मां बेटी को तलाशते हुए प्रेमी के कमरे तक पहुंचीं
राजातालाब क्षेत्र के मरुई में रहने वाले सुनील उपाध्याय की एकलौती बेटी श्रेया जगतपुर पीजी कालेज में एमएससी फर्स्ट ईयर की छात्रा थी। गत 18 अगस्त की सुबह कॉलेज जाने के लिए घर से निकली थी, लेकिन वापस नहीं लौटी। परिवार ने पहले कॉलेज में जानकारी की तो पता चला कि वह उस दिन कॉलेज पहुंची ही नहीं थी। इसके बाद राजातालाब थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई गई। पुलिस ने छात्रा के मोबाइल की लोकेशन ट्रेस की तो बच्छांव के पश्चिमपुरा इलाके में एक कमरे के पास उसकी लोकेशन मिली। पुलिस दो बार मौके पर पहुंची, लेकिन कमरे का दरवाजा नहीं खुला।
ननिहाल से मिली कमरे की चाबी
गुरुवार सुबह श्रेया की मां विवेक के मिर्जापुर स्थित ननिहाल पहुंचीं। वहां विवेक की बाइक, हेलमेट और बैग मिला। बैग से कमरे की चाबी मिलने के बाद परिवार के लोग बच्छांव स्थित कमरे पर पहुंचे। कमरा खोलने पर बाथरूम से तेज बदबू आई। अंदर श्रेया का शव पड़ा था। परिवार ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची फोरेंसिक टीम ने जांच की। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है।
शादी दूसरी जगह तय होने से नाराज था आरोपी
परिजनों के मुताबिक, श्रेया के परिवार ने करीब एक महीने पहले उसकी शादी पास के गोतवा गांव के युवक से तय की थी। रिंग सेरेमनी भी हो चुकी थी। परिवार ने तिलक के लिए 26 नवंबर, जबकि शादी के लिए 20 फरवरी 2027 की तारीख तय की थी। आरोप है कि शादी दूसरी जगह तय होने के बाद विवेक श्रेया पर सगाई तोड़ने का दबाव बनाने लगा था। वह उसे लगातार मैसेज करता था। करीब एक सप्ताह पहले भेजे मैसेज में उसने श्रेया से कहा था कि वह घरवालों को शादी से इनकार करने के लिए कहे। उसने घर से भागकर शादी करने की बात भी कही थी।

धमकी भरा मैसेज भी किया था
परिजनों के मुताबिक, विवेक ने श्रेया को मैसेज में यह भी लिखा था कि अगर वह उसकी नहीं हुई तो किसी और की नहीं होने देगा। पुलिस अब इन मैसेज की भी जांच कर रही है। आरोपी ने करीब 15 दिन पहले WhatsApp पर एक रोमांटिक स्टेटस भी लगाया था।
रिश्तेदारी के जरिए हुई थी दोनों की पहचान
विवेक चौबे चोलापुर के नियार डीह गांव का रहने वाला है। उसका ननिहाल श्रेया के गांव जमुनी में है। इसी रिश्तेदारी के चलते दोनों की पहचान हुई थी। परिजनों के मुताबिक, कोरोना काल के दौरान विवेक कई दिनों तक श्रेया के घर आया-जाया करता था। इसी दौरान परिवार के लोगों से उसकी नजदीकी बढ़ी। विवेक श्रेया की पढ़ाई में मदद करता था। बाद में उसने रोहनिया क्षेत्र में किराए पर कमरा ले लिया। वह ग्रामीण बैंक में काम करता था। फील्ड विजिट के दौरान इसी कमरे में रुकता था। आरोप है कि इसी दौरान वह श्रेया से मिलने भी जाता था।
18 अगस्त को मिलने के लिए बुलाने का आरोप
परिवार का आरोप है कि 17 व 18 अगस्त को विवेक ने श्रेया को कई बार फोन किया, मैसेज भेजे। 18 अगस्त को कॉलेज के लिए निकली श्रेया रास्ते में विवेक से मिली। परिजनों का आरोप है कि वह उसे बहला-फुसलाकर अपने किराए के कमरे पर ले गया। श्रेया सुबह करीब पौने नौ बजे घर से निकली थी। आमतौर पर वह दोपहर 12 से 1 बजे के बीच वापस आ जाती थी। दोपहर दो बजे तक घर नहीं पहुंची तो परिवार ने उसके मोबाइल पर कॉल की, लेकिन जवाब नहीं मिला।
पिता की जमीन पर भी नजर होने का आरोप
परिवार की ओर से यह आरोप भी लगाया गया है कि विवेक की नजर श्रेया के पिता की करीब सात बीघा जमीन पर थी। परिजनों का कहना है कि विवेक चुनाव लड़ने की तैयारी भी कर रहा था। पुलिस इन आरोपों की भी जांच कर रही है। डीसीपी गोमती जोन नीतू कादयान के मुताबिक, छात्रा की गुमशुदगी के मामले को हत्या में बदल दिया गया है। आरोपी की तलाश के लिए SOG समेत चार टीमें लगाई गई हैं। पुलिस के मुताबिक, आरोपी छात्रा का दूर का रिश्तेदार भी है। घटना के बाद गांव में पुलिस बल तैनात किया गया है।






