सीतापुर न्यूज : गला कटने पर बोल नहीं पाया युवक, कागज पर लिखे नाम, फिर तोड़ा दम, तीन जिलों से जुड़ी हत्या की कड़ी
बहन के घर करवा देने निकला था 24 साल का नितेश, बाराबंकी में मिली बाइक, लखीमपुर खीरी में गला रेता गया, जख्मी हालत में पहुंचा सीतापुर

सीतापुर, 30 अक्टूबर 2026:
उत्तर प्रदेश के सीतापुर में 24 साल के कारोबारी नितेश कुमार मौर्य की गला रेतकर हत्या कर दी गई। वह बहन के घर करवा देने निकला था। परिजनों के मुताबिक, बाराबंकी में उसकी बाइक लावारिस हालत में मिली थी। इसके बाद उसकी तलाश शुरू हुई। गुरुवार को नितेश खून से लथपथ हालत में पिसावां क्षेत्र के एक ढाबे पर पहुंचा। गला कटने के कारण वह बोल नहीं पा रहा था। उसने कागज पर अपने परिचित का नाम लिखकर लोगों से मदद मांगी। अस्पताल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। परिजनों ने पुरानी रंजिश में हत्या का आरोप लगाते हुए चार लोगों के खिलाफ शिकायत दी है।
बाराबंकी में मिली बाइक, कारोबारी का पता नहीं चला
सीतापुर के सरैया महिपत सिंह गांव निवासी नितेश के चाचा हरीश कुमार मौर्य के मुताबिक, नितेश बुधवार को लखनऊ के बख्शी का तालाब स्थित अपनी बहन के घर करवा देने की बात कहकर निकला था। लखनऊ में उसका मकान भी बन रहा था। वह बाइक पर सिलिंडर बांधकर लौट रहा था।
गुरुवार सुबह बाराबंकी के बड्डूपुर थाना क्षेत्र में डफरपुर चौराहे के पास उसकी बाइक लावारिस हालत में मिली। बाइक पर सिलिंडर बंधा था, लेकिन नितेश का पता नहीं चला। इसके बाद परिजनों को उसके साथ अनहोनी होने की आशंका हुई। कुछ लोगों ने कार सवार लोगों पर अपहरण करने का शक जताया।
ढाबे पर पहुंचकर कागज पर मांगी मदद
परिजनों की शिकायत के मुताबिक, नितेश को बाराबंकी के बड्डूपुर क्षेत्र से अगवा कर लखीमपुर खीरी जिले के मैगलगंज क्षेत्र में ले जाया गया। आरोप है कि लिधियाई मोड़ के पास उसका गला रेतकर उसे फेंक दिया गया।

गंभीर रूप से घायल नितेश किसी तरह सीतापुर की सीमा में पिसावां थाना क्षेत्र स्थित पन्नू ढाबे तक पहुंचा। वहां मौजूद लोगों ने उसे खून से लथपथ देखा। गले पर जख्म के कारण वह बोल नहीं पा रहा था। उसने कॉपी-पेन मांगा और कागज पर लिखकर अस्पताल पहुंचाने की गुहार लगाई।
पर्ची पर परिचित का नाम लिखकर ठहराया जिम्मेदार
चाचा हरीश के मुताबिक, नितेश ने अस्पताल ले जाते समय एक पर्ची पर अपने परिचित मनोज का नाम लिखा था। उसने मनोज के पिता विद्या प्रसाद का नाम भी लिखा। साथ में गांव व पोस्ट सरैया महिपत सिंह का पता दर्ज किया। परिजनों का आरोप है कि नितेश ने अपनी हालत के लिए मनोज को जिम्मेदार ठहराया था। इस आरोप की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
जिला अस्पताल में इलाज के दौरान मौत
ढाबे पर मौजूद लोगों की सूचना पर पिसावां पुलिस पहुंची। घायल को पहले महोली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। वहां से प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, नितेश को दोपहर 2:50 बजे जिला अस्पताल भेजा गया था। वहां 3:10 बजे इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। बाद में उसकी पहचान नितेश कुमार मौर्य के रूप में हुई।

पुरानी रंजिश का भी आरोप
नितेश के चाचा हरीश ने हत्या के पीछे पुरानी रंजिश होने की आशंका जताई है। उनके मुताबिक, करीब एक साल पहले नितेश को एक दुकान में बंद करके पीटा गया था। इस घटना के बाद से विवाद चल रहा था। पुलिस लेनदेन के विवाद, पुरानी रंजिश, अपहरण के घटनाक्रम सहित दूसरे पहलुओं की जांच कर रही है।
साझेदारी में करता था कारोबार
नितेश तीन भाइयों में सबसे बड़ा था। उसके पिता दिनेश कुमार किसान हैं। नितेश धान-गेहूं की खरीद-फरोख्त के साथ पानी की फैक्टरी, आरओ कारोबार व बैंकिंग कॉरेस्पोंडेंट का काम साझेदारी में करता था। उसका एक भाई निकेत दुबई में काम करता है, जबकि दूसरा भाई सचिन 19 साल का है। नितेश की दो बहनें हैं। बड़ी बहन खुशबू की शादी हो चुकी है, जबकि नेहा अविवाहित है।
चार लोगों के खिलाफ मुकदमा, संदिग्धों से पूछताछ
पिसावां थाने के एसएसआई अवनेश कुमार के मुताबिक, सूचना मिलते ही घायल को अस्पताल पहुंचाया गया था। वहीं, बाराबंकी के बड्डूपुर थानाध्यक्ष मनोज सोनकर ने बताया कि मामले में मुकदमा दर्ज कर कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। उनसे पूछताछ की जा रही है।






