Uttarakhand

युवा संगम : राज्यपाल का पश्चिम बंगाल के युवाओं से संवाद, ‘देश प्रथम’ का दिया संदेश

लोक भवन में आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए डॉ. ढाल सिंह बिसेन, बोले- राज्यों का भ्रमण करने से युवाओं के बीच बढ़ती है आपसी समझ व आत्मीयता, अच्छे संस्कार अपनाने व जीवन में मजबूत चरित्र का निर्माण करने की दी सीख

राजकिशोर तिवारी

देहरादून, 30 अक्टूबर 2026ः

उत्तराखंड के राज्यपाल डॉ. ढाल सिंह बिसेन ने कहा कि युवा संगम केवल एक यात्रा नहीं, बल्कि भारत की विविधता को जानने, समझने और आत्मसात करने का सशक्त माध्यम है। ऐसे कार्यक्रम देश के अलग-अलग राज्यों के युवाओं को एक-दूसरे की संस्कृति, परंपराओं और जीवनशैली से परिचित कराने के साथ राष्ट्रीय एकता की भावना को मजबूत करते हैं। युवाओं के मन में देश प्रथम का भाव होना चाहिए और उन्हें अपने ज्ञान व कौशल का उपयोग राष्ट्र निर्माण में करना चाहिए। शुक्रवार को लोक भवन में ‘युवा संगम’ कार्यक्रम के तहत पश्चिम बंगाल से आए विद्यार्थियों से संवाद करते हुए राज्यपाल ने उत्तराखंड में उनका स्वागत किया।

राज्यों के भ्रमण से भारत की वास्तविक विविधता का होता है अनुभव

राज्यपाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की परिकल्पना ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ देश की सांस्कृतिक विविधता को एकता के सूत्र में पिरोने की महत्वपूर्ण पहल है। जब विद्यार्थी दूसरे राज्यों में जाकर वहां की भाषा, खानपान, रहन-सहन, परंपराओं और संस्कृति को करीब से देखते हैं तो उन्हें भारत की वास्तविक विविधता का अनुभव होता है। इससे विभिन्न राज्यों के युवाओं के बीच आपसी समझ और आत्मीयता बढ़ती है। राज्यपाल ने विद्यार्थियों को अच्छे संस्कार अपनाने, सकारात्मक सोच रखने और जीवन में मजबूत चरित्र का निर्माण करने की सीख दी। उन्होंने कहा कि जीवन में कभी रास्ता भटकना भी स्वयं को समझने और सीखने का अवसर हो सकता है, लेकिन महत्वपूर्ण यह है कि व्यक्ति सही दिशा में लौटकर अपने अनुभवों से सीख ले। सफलता के लिए ज्ञान के साथ अच्छे संस्कार, अनुशासन और सकारात्मक दृष्टिकोण भी जरूरी हैं।

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विकसित भारत का लक्ष्य हासिल करने में युवाओं की भूमिका निर्णायक

उन्होंने कहा कि युवाओं के ज्ञान और कौशल का लाभ केवल व्यक्तिगत उन्नति तक सीमित नहीं रहना चाहिए। इसका उपयोग किसानों, गांवों, पर्यावरण संरक्षण और समाज के वंचित वर्गों की समस्याओं के समाधान में भी होना चाहिए। विकसित भारत का लक्ष्य हासिल करने में युवाओं की भूमिका निर्णायक है। इसके लिए युवाओं का ज्ञानवान होने के साथ चरित्रवान, अनुशासित और कर्तव्यनिष्ठ होना भी आवश्यक है। इस अवसर पर राज्यपाल ने युवा संगम के आयोजन में महत्वपूर्ण योगदान देने के लिए हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय और भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान खड़गपुर के समन्वयकों, शिक्षकों,अधिकारियों एवं आयोजन दल को बधाई दी।

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Anurag Chaturvedi

अनुराग चतुर्वेदी पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता, लेखन और संपादन के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय हैं। उन्होंने विभिन्न प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए खबरों को निष्पक्षता और गहराई के साथ जनता के सामने रखा है।

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