अयोध्या, 17 मार्च 2026:
रामनगरी अयोध्या में 19 मार्च को प्रस्तावित राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के दौरे को लेकर तैयारियां पूरे जोरों पर चल रही हैं। राष्ट्रपति के पारंपरिक और भव्य स्वागत के लिए प्रशासन, संस्कृति विभाग और विभिन्न संस्थाएं मिलकर पूरे शहर को सांस्कृतिक रंग में सजाने में जुटी हैं। एयरपोर्ट से राम मंदिर गेट तक स्वागत मार्ग को विशेष रूप से सजाया जा रहा है। यहां भक्ति, परंपरा और संस्कृति की अद्भुत झलक देखने को मिलेगी।
अयोध्या के मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) कृष्ण कुमार सिंह ने बताया कि संस्कृति विभाग के सहयोग से राष्ट्रपति के स्वागत मार्ग पर लगभग 20 सांस्कृतिक मंच बनाए जा रहे हैं। इन मंचों पर प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए करीब 250 कलाकार रामायण आधारित सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देंगे। कार्यक्रमों में स्वागत गीत, भजन, बधावा, अवधी लोकगायन, लोकनृत्य और रामभक्ति से जुड़े पारंपरिक आयोजन शामिल रहेंगे।
उन्होंने बताया कि स्वागत मार्ग के दोनों ओर इन मंचों की व्यवस्था की जाएगी जिससे पूरा रास्ता भक्ति और संस्कृति की ध्वनि से गुंजायमान रहेगा। अयोध्या की पारंपरिक सांस्कृतिक पहचान को दर्शाने के लिए रामलीला अंश प्रस्तुति, अवधी लोकनृत्य, झांकियां, ढोल-नगाड़ा, शंखनाद, वेदपाठ और भजन संकीर्तन जैसे कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए एयरपोर्ट रोड, नाका, देवकाली, चूड़ामणि चौराहा, निषाद राज चौराहा, बृहस्पति कुंड के पास और राम मंदिर गेट के आसपास प्रमुख मंच लगाए जाएंगे। छोटे मंचों पर करीब सात कलाकारों की टीम प्रस्तुति देगी जबकि बड़े मंचों पर लगभग 15 कलाकारों की टीम सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करेगी।
सीडीओ के अनुसार सभी कलाकार राम भक्ति, अवधी संस्कृति और वैदिक परंपराओं को जीवंत रूप में प्रस्तुत करेंगे। इस भव्य आयोजन का उद्देश्य राष्ट्रपति का गरिमामय और हृदयस्पर्शी स्वागत करना है, साथ ही अयोध्या की समृद्ध धार्मिक और सांस्कृतिक धरोहर को देश-दुनिया के सामने और सशक्त रूप से प्रस्तुत करना भी है।




