
बाराबंकी, 23 अगस्त 2026:
यूपी के बाराबंकी में रविवार सुबह चलती वैगन-आर में आग लगने से 50 वर्षीय राजनारायण वर्मा की जिंदा जलकर मौत हो गई। हादसा सफदरगंज थाना क्षेत्र में बाराबंकी-अयोध्या रोड से जुड़े भौदरा मार्ग पर नहर के पास हुआ। राजनारायण कार चलाकर अपने गांव बरियारपुर जा रहे थे। घर से करीब 2 किलोमीटर पहले अचानक कार के अंदर धुआं उठने लगा।

संडे होने की वजह से बनाया गांव जाने का प्लान
राजनारायण वर्मा मूल रूप से सफदरगंज क्षेत्र के बरियारपुर गांव के रहने वाले थे। गांव में उनके पिता मेवा लाल वर्मा व मां बबिता वर्मा रहते हैं। उनका एक मकान शहर के विजयनगर मोहल्ले में भी है। जहां वह पत्नी के साथ रहते थे। शनिवार रात रिश्तेदार के कार्यक्रम में शामिल होने के बाद रविवार छुट्टी होने के कारण सुबह वह शहर से अपनी वैगन-आर कार लेकर बरियारपुर गांव में मां से मिलने जा रहे थे।
कुछ ही देर में आग ने घेरा, लॉक थे चारों डोर
बाराबंकी-अयोध्या रोड से होते हुए उन्होंने गांव की तरफ जाने के लिए भौदरा मार्ग पकड़ा। नहर के पास पहुंचते ही कार में आग लग गई। गांव पहुंचने से करीब 2 किलोमीटर पहले भौदरा मार्ग पर नहर के पास उनकी कार में आग लग गई। धुआं उठने के बाद राजनारायण कुछ समझ पाते, उससे पहले कार में आग फैल गई। देखते ही देखते पूरी वैगन-आर लपटों से घिर गई। इस दौरान कार के चारों दरवाजे लॉक हो गए। राजनारायण ने बाहर निकलने के लिए दरवाजा खोलने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली।

ड्राइविंग सीट पर फंसे रहे, गेट तोड़कर बाहर निकाला गया शव
आग इतनी तेज थी कि आसपास मौजूद ग्रामीण भी कार के पास जाने की हिम्मत नहीं जुटा सके। सूचना पुलिस व Fire Brigade को दी गई। टीम के पहुंचने से पहले ग्रामीणों ने पानी डालकर आग बुझाने की कोशिश की। आग शांत होने के बाद कार का गेट तोड़ा गया। अंदर राजनारायण का शव ड्राइविंग सीट से चिपका मिला। आग में वैगन-आर बुरी तरह जल गई। पुलिस ने कार को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में वायरिंग में शॉर्ट सर्किट को आग लगने की वजह माना जा रहा है। पुलिस अब हादसे की पूरी परिस्थितियों की जांच कर रही है।

रजिस्ट्री कार्यालय में स्टांप वेंडर थे, पहले एमआर का भी किया काम
राजनारायण बाराबंकी रजिस्ट्री कार्यालय में स्टांप वेंडर का काम करते थे। वह मूल रूप से बरियारपुर गांव के रहने वाले थे। शहर के विजयनगर मोहल्ले में उनका मकान भी था, जहां वह पत्नी के साथ रहते थे। उनकी बेटी की शादी हो चुकी है। बेटा आंध्र प्रदेश में रहकर BTech की पढ़ाई कर रहा है। राजनारायण के भाई जंग बहादुर वर्मा शहर में प्रॉपर्टी डीलिंग का काम करते हैं। राजनारायण भी उनके साथ इस काम से जुड़े थे। इससे पहले उन्होंने करीब 10 साल तक मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव के तौर पर काम किया था। पुलिस की शुरुआती जांच में वायरिंग में शॉर्ट सर्किट से आग लगने की बात सामने आई है। पुलिस आग लगने की वास्तविक वजह समेत हादसे से जुड़े दूसरे पहलुओं की जांच कर रही है। बेटे की दर्दनाक मौत से माता-पिता सदमे में हैं वहीं भाई व पत्नी भी बेसुध हैं।






