राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 1 अगस्त 2026ः
उत्तराखंड के कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी को स्पेशल विजिलेंस कोर्ट से नोटिस जारी होने के बाद कांग्रेस ने धामी सरकार पर हमला बोल दिया है। उत्तराखंड कांग्रेस के प्रवक्ता पंकज सिंह क्षेत्री मीडिया से रूबरू हुए। उन्होंने सीएम धामी को पत्र लिखकर मंत्री जोशी को जांच पूरी होने तक मंत्रिमंडल से अलग करने की मांग की है।
पंकज क्षेत्री ने शनिवार को मीडिया से बातचीत में कहा कि यदि सरकार भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी घोषित ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति को गंभीरता से लागू करना चाहती है, तो इसकी झलक निर्णयों में भी दिखाई देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि विशेष न्यायाधीश, सतर्कता अधिष्ठान, गढ़वाल परिक्षेत्र ने 25 जुलाई को पारित आदेश के तहत मंत्री जोशी को बीएनएसएस के प्रावधानों के अनुसार नोटिस जारी कर तीन सितंबर को कोर्ट में उपस्थित होने के निर्देश दिए हैं।

कांग्रेस प्रवक्ता का कहना है कि निष्पक्ष जांच और न्यायिक प्रक्रिया की गरिमा बनाए रखने के लिए सरकार को नैतिक आधार पर मंत्री को जांच पूरी होने तक पद से अलग करना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी व्यक्ति को कोर्ट द्वारा दोष सिद्ध होने से पहले दोषी नहीं माना जा सकता, लेकिन लोकतांत्रिक व्यवस्था में नैतिक जवाबदेही और जनविश्वास सर्वोपरि होते हैं। सरकार यदि भ्रष्टाचार के खिलाफ अपनी नीति को प्रभावी साबित करना चाहती है तो उसे निष्पक्ष जांच का वातावरण सुनिश्चित करना चाहिए।
पंकज सिंह क्षेत्री ने भ्रष्टाचार से जुड़ी शिकायतों के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया। उन्होंने कहा कि प्राप्त शिकायतों की जांच के बाद उपयुक्त मामलों में निशुल्क कानूनी सहायता और पैरवी उपलब्ध कराई जाएगी। इस दौरान मौजूद कांग्रेस प्रवक्ता सुजाता पॉल, आशीष नौटियाल, आशीष सैनी और कांग्रेस नेता हिमांशु बहुगुणा ने भी सरकार से भ्रष्टाचार के मामलों में राजनीतिक संरक्षण के बजाय नैतिक उत्तरदायित्व निभाने व निष्पक्ष जांच करने की मांग की।






