हरदोई न्यूज : पहले गंभीर केस में फंसाने धमकी, फिर होती थी वसूली, गिरोह का राजफाश, 7 लोगों पर FIR
शिकायत में गिरोह के सरगना के रूप में अनिल मिश्र का नाम सामने आया, वीडियो समेत कई सबूत पुलिस को सौंपे गए

हरदोई, 3 नवंबर 2026:
यूपी के हरदोई में एससी-एसटी एक्ट, छेड़छाड़, दुष्कर्म जैसे गंभीर मामलों में फंसाने की धमकी देकर लोगों से रुपये वसूलने का मामला सामने आया है। कई मामलों का शिकार हुए पीड़ित एसपी के पास पहुंचे तो पता चला कि ये एक संगठित गिरोह है। जांच के बाद बेहटा गोकुल थाने में सात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
बदनामी और गिरफ्तारी का डर दिखाकर वसूली का आरोप
शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि गिरोह के सदस्य लोगों को गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कराने और जेल भिजवाने की धमकी देते थे। बदनामी के डर से कई लोग उन्हें रकम देने को मजबूर हो जाते थे।एसपी से मिले पीड़ितों ने पहेलिया गांव निवासी अनिल मिश्र को गिरोह का सरगना बताया गया है।
पैसे नहीं देने पर कोर्ट तक पहुंचाने की धमकी
जो लोग रुपये देने से इनकार करते थे, उनके खिलाफ पुलिस अधिकारियों से शिकायत की जाती थी। इसके अलावा न्यायालय में धारा 156(3) के तहत प्रार्थना पत्र देकर मुकदमा दर्ज कराने का दबाव बनाया जाता था। शिकायत में अरुणा वर्मा निवासी दुवघटिया, थाना लोनार, प्रियंका उर्फ पिंकी पत्नी अमित उर्फ पिंटू निवासी पहेलिया, सरस्वती पत्नी रजनीश, अमित उर्फ पिंटू, रजनीश समेत कुछ अन्य लोगों की भूमिका पर सवाल उठाए गए हैं।
अवगत कराना है कि दिनांक 1.11.2026 को थाना बेहटा गोकुल पर एक अभियोग पंजीकृत किया गया है जिसके संबंध में अवगत कराना है कि अभियुक्त अनिल मिश्रा एवं अन्य साथियों द्वारा गिरोह बनाकर कुछ व्यक्तियों को मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर अवैध धन की वसूली की जाती थी इस संबंध में थाना बेहटा गोकुल पर अभियोग पंजीकृत कर विवेचना की जा रही है अन्य वैधानिक कार्यवाही प्रचलित है इस संबंध में क्षेत्राधिकारी हरपालपुर श्री प्रवीण कुमार यादव द्वारा दी गई बाइट।
@Uppolice @Igrangelucknow @adgzonelucknow @dgpup— Hardoi Police (@hardoipolice) November 3, 2026
सात लोगों के खिलाफ दर्ज हुई एफआईआर
सीओ प्रवीण कुमार ने बताया कि शिकायत के आधार पर पुनीत सिंह, संतराम, मुनीश तिवारी, धर्मेंद्र सिंह, अवध किशोर, शिववरन सिंह और कौशल किशोर के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। उन्होंने बताया कि इस मामले में एक गिरोह के सक्रिय होने की बात सामने आई है। गिरोह का कथित सरगना अपने सदस्यों के साथ लोगों को मुकदमों में फंसाने की धमकी देता था। सभी आरोपितों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। शिकायतकर्ताओं ने वसूली से जुड़े कई अहम सबूत उनके पास हैं। इनमें घटनाओं के वीडियो भी शामिल हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है।






